कांग्रेस ने किया झूठ की सारी हदें पार- बेदराम जांगड़े।

सारंगढ़ बिलाईगढ़ | 02 मार्च 2026 “भूपेश बघेल जी ने धान खरीदी की व्यवस्था खड़ी की” – यह कांग्रेस का सबसे बड़ा, सबसे गंदा और सबसे शर्मनाक झूठ है!
पूर्व मुख्यमंत्री माननीय श्री डॉ रमन सिंह सरकार की देन को चुराने की कोशिश – माननीय श्री विष्णु देव साय जी सरकार ने रिकॉर्ड 141 लाख मीट्रिक टन धान 3100 रुपये प्रति क्विंटल पर खरीदकर कांग्रेस के कलंक को हमेशा-हमेशा के लिए धो डाला!रायपुर। एक लॉक प्रोफाइल वाले कांग्रेसी ने छत्तीसगढ़ में धान खरीदी की व्यवस्था पर भूपेश बघेल सरकार का श्रेय लेने की कोशिश की है। भाजपा छत्तीसगढ़ इकाई इस बेशर्मी, ओछी सस्ती और ऐतिहासिक झूठ का पुरजोर खंडन करती है। सच यह है कि आज छत्तीसगढ़ में जो सुचारू, पारदर्शी और किसान-सम्मान वाली धान खरीदी की व्यवस्था दिख रही है, वह पूरी-पूरी भारतीय जनता पार्टी की Dr. रमन सिंह सरकार की देन है। कांग्रेस ने इसे तश्तरी में परोसकर पाया था और भूपेश बघेल की सरकार ने इसे नृशंस तरीके से बर्बाद कर दिया था।कांग्रेस के राज में किसानों का अपमान और लूट:
पुरानी कांग्रेस सरकार में (जिसमें बघेल जी खुद मंत्री थे) मुश्किल से 5-6 लाख मीट्रिक टन धान ही खरीदा जाता था। किसानों का धान पानी में भिगो-भिगोकर देखा जाता था, उन्हें अपमानित किया जाता था, भुगतान का भगवान मालिक था। तब भी छत्तीसगढ़ ‘धान का कटोरा’ कहलाता था, लेकिन कांग्रेस ने किसानों को कंगाल बना रखा था।रमन सिंह जी की क्रांतिकारी व्यवस्था – दुनिया ने तारीफ की:
#डॉ. रमन सिंह जी की सरकार ने जमीन के रकबे को नहीं बढ़ाया, लेकिन सिचाई, बिजली और बेहतर प्रबंधन से उत्पादन बढ़ाया। परिणाम? 80 लाख मीट्रिक टन से ज्यादा धान की खरीदी। इलेक्ट्रॉनिक भुगतान की ऐसी पारदर्शी व्यवस्था शुरू की कि पूरी दुनिया ने आश्चर्य से देखा। बोनस शब्द भी भाजपा सरकार की देन है। किसानों को उनका हक समय पर, बिना रिश्वत के मिलता था।
#भूपेश बघेल का पांच साल का धोखा!
भूपेश बघेल जी उसी बोनस की गाल बजाकर सत्ता में आए। लेकिन सत्ता मिलते ही बोनस भूल गए। पांच साल तक किसानों को रुला-रुलाकर चार किश्तों में बोनस दिया, वो भी तब जब राहुल गांधी का दौरा तय होता था। 2019 के आसपास के अखबार पलट लीजिए – किसानों की पिटाई, रकबा कटौती, 500 से ज्यादा किसानों की आत्महत्या का कलंक भूपेश सरकार पर आज भी चस्पा है।
#विश्नु देव साय जी की सरकार ने सब कुछ बदल दिया!
सत्ता में वापसी के तुरंत बाद साय सरकार ने दो साल का बकाया बोनस एकमुश्त चुकता कर दिया। MSP को 2100 से बढ़ाकर 3100 रुपये प्रति क्विंटल किया (देश में कहीं नहीं)। प्रति एकड़ खरीदी सीमा 21 क्विंटल कर दी (देश में अनोखा रिकॉर्ड)। नतीजा? 141 लाख मीट्रिक टन धान की रिकॉर्ड खरीदी, 25 लाख से ज्यादा किसानों को फायदा। होली से पहले अंतर राशि का एकमुश्त भुगतान – यही है भाजपा का किसान हित उपसंहार के रूप में मै यही कहूंगा छत्तीसगढ़ की मेरे भोले भाले जनता जनार्दन की याददाश्त कमजोर नहीं है, कांग्रेस की बेशर्मी असीम है। भूपेश बघेल जी की सरकार ने धान खरीदी की व्यवस्था तश्तरी में पाकर भी बर्बाद कर दी, किसानों को पीटा, रुलाया और आत्महत्या के रास्ते पर धकेला। भाजपा ने न सिर्फ पुरानी व्यवस्था बचाई, बल्कि उसे नई ऊंचाइयों पर पहुंचाया। कांग्रेस के झूठे प्रचार का जवाब साफ है – “धान का कटोरा” अब “किसान का स्वर्ग” बन चुका है, और यह सब भाजपा की देन है! जय किसान! जय छत्तीसगढ़!!
भारतीय जनता पार्टी, छत्तीसगढ़




