सारंगढ

भाजपा का गांव/बस्ती चलो अभियान, ग्राम अंडोंला पहुंचे भाजपा नेता हरिनाथ खुटे

सारंगढ़। भारतीय जनता पार्टी के 47वें स्थापना दिवस के अवसर पर चलाए जा रहे गांव/बस्ती चलो अभियान के अंतर्गत जिला भाजपा के निर्देशानुसार कोसीर मंडल के ग्राम पंचायत अंडोला की बस्ती में जनसंपर्क अभियान चलाया गया।
बता दे कि जिला भाजपा सारंगढ़ बिलाईगढ़ के द्वारा कोसीर मंडल के ग्राम अंडोंला में प्रदेश महामंत्री अजा मोर्चा श्री हरिनाथ खुटे को प्रवास हेतु निर्धारित किया गया।
इस दौरान कार्यकर्ताओं ने ग्रामीणों एवं लाभार्थियों से मुलाकात कर केंद्र की मोदी सरकार एवं छत्तीसगढ़ की विष्णुदेव साय के नेतृत्व वाली सुशासन सरकार द्वारा संचालित विभिन्न जनकल्याणकारी योजनाओं की जानकारी दी। साथ ही सरकार की उपलब्धियों को विस्तार से बताते हुए योजनाओं का लाभ उठाने के लिए लोगों को जागरूक किया गया।

कार्यक्रम के दौरान ग्रामीणों ने भी अपने अनुभव साझा किए और सरकार द्वारा मिल रहे लाभों के प्रति संतोष व्यक्त किया
उक्त कार्यक्रम में हरिनाथ खुटे प्रदेश महामंत्री अजा मोर्चा, जिला अध्यक्ष युवा मोर्चा हितेश अजगल्ले, मंडल महामंत्री शिवम चंद्रा, मंडल अध्यक्ष युवा मोर्चा कोसीर नोहर साहू, जिला उपाध्यक्ष युवा मोर्चा गुणसागर साहू, श्रीमती लाकेश्वरी चन्द्रा, इंद्रिका चन्द्रा, जिला सोशल मीडिया सह प्रभारी अभिषेक पटेल सहित अन्य कार्यकर्ता उपस्थित रहे।

KRISHNA MAHILANE

EDITOR IN CHIEF TEEKHI-MIRCHI.COM CONTACT US- 6260567537
BREAKING
पिंडरी व गोड़म में बाबा साहब की जयंती धूमधाम से मनाई गई। हाईकोर्ट ने बिलासपुर प्रेस क्लब समेत, राज्य शासन,पंजीयक,सहायक पंजीयक से मांगा जवाब। जिला भाजपा कार्यालय सारंगढ़ में डॉ. भीमराव अम्बेडकर जयंती धूमधाम से मनाई गई। अंबेडकर जयंती को लेकर भाजपा की बड़ी तैयारी, जिला कार्यालय में अहम बैठक संपन्न सेवा सहकारी समिति कनकबीरा में किसान का फर्जीवाड़ा उजागर! अधिकारियों की जानकारी में हुआ खेल? महात्मा ज्योतिबा फुले जयंती पर भाजपा अनुसूचित जाति मोर्चा का कार्यक्रम, मुख्यमंत्री ने किया संबोधन। भीम आर्मी रायगढ़ जिला प्रभारी की कमान भरत खंडेल को सौंपी गई। रायकेरा सरपंच पर धोखाधड़ी के आरोप, अमान्य दस्तावेज से जीता चुनाव?” भाजपा का गांव/बस्ती चलो अभियान, ग्राम अंडोंला पहुंचे भाजपा नेता हरिनाथ खुटे सारंगढ़-बिलाईगढ़ में धान खरीदी में हुआ घोटाला, जिम्मेदारी पर सवाल—साठगांठ या पैसों का खेल?