सारंगढ़ जसरा बरभांठा अवैध रेत खनन पर कार्यवाही कब?

रॉयल्टी के नाम पर 150 रूपये की अवैध वसूली है जारी?
सारँगढ़ – सारँगढ़ से महज 12 किलोमीटर दूरी पर बेख़ौफ़ होकर महानदी बरभांठा से सैकड़ो ट्रैक्टर बालू निकाला जा रहा है प्रतिबंध के बाद भी जिले में रेत का अवैध उत्खनन और परिवहन लगातार जारी है। बरभांठा नदी से रेत माफिया रेत निकाल कर भंडारण और परिवहन कर रहे हैं। जिस पर रोक लगा पाना मुश्किल माना जा रहा। खनिज विभाग से जारी निर्देशानुसार जिले में खनिज रेत सहित समस्त प्रकार के खनिजों के अवैध उत्खनन, परिवहन, भण्डारण पर प्रभावी नियंत्रण एवं दोषियों के विरूद्ध कार्रवाई की जाने का निर्देश है लेकिन उसके बाद भी लगातार अवैध उत्खनन और परिवहन जारी है।
रॉयल्टी के नाम पर 150 रूपये ले रहा रेत माफिया
वही जब इस संबध में रेत लेकर आने वाली गाड़ियों से पूछा गया तो रेत ले जाते ड्राइवरों ने बताया की एक ट्रिप के लिए 350 रुपिया लगता है और जब उसने पूछा गया की किस किस चीज के लिए पैसे लिया जाता है तो ड्राइवर ने बताया की 200 लोडिंग करने के लिया जाता है और 150 रूपये रॉयल्टी के नाम पर लिया जाता है अब सवाल यही उठता है की अभी किसी खदान का लिज नही है तो आखिर रॉयल्टी के नाम पर अधिक पैसा लेना इस बात का सबूत है की अवैध वसूली किया जा रहा है जबकि वही ग्रामीणों के द्वारा हाथ से लोडिंग किया जा रहा है उसके लिए ग्रामीण मेहताना लेना शायद गलत न हो लेकिन उसके आड में सभी टैक्टर से बेजा लाभ कमाने के लिए रेत माफिया 150 रूपये ले रहे है और उसके लिए किसी प्रकार का कोई लिखित पर्ची तक नही दे रहे वही मिली जानकारी अनुसार प्रतिदिन 100 से अधिक ट्रेक्टर रेत निकाला जाता है अगर उस हिसाब से देखा जाए तो रेत माफिया लगभग प्रतिदिन 150 रूपयेअवैध वसूली करते हुए दिन के 15 से 20 हजार तक कमा लेता है और महीने में तो लाखो रूपये वसूल रहे अगर उसी जगह और सिर्फ लोडिंग का चार्ज लेता तो ट्रेक्टर मालिको को 200 रूपये देने पड़ते, वहीं 150 रूपये का बचत होता लेकिन इसे कमाने का जरिया बनाया हुआ है रेत के सौदागर?
वहीं खनिज विभाग तो कार्रवाई कर रही है उसके बाद भी रेत माफियो के हौसले बुलंद है।
अगर बात करे जिला मे तो लगातार अवैध खनिज परिवहन करने वालो पर प्रतिदिन जिला के किसी न किसी क्षेत्र से कार्यवाही की जा रही है जिला प्रशासन पूरी तरह से अंकुश लगाने में लगा हुआ है उसके बाद कुछ ऐसे भी माफिया है जिनके हौसले इतने बुलंद है की उन्हे हो रहे लगातार कार्यवाही से कोई डर नही ? आखिर कौन है रेत माफिया जो लाखो कमाने में लगे हुए और रॉयल्टी के नाम पर कर रहे फर्जीवाड़ा अब देखना यह होगा कि समाचार के माध्यम से जिला प्रशासन और विभाग को अवगत कराने के बाद कब तक कार्यवाही करते हुए अवैध पैसा वसूली पर अंकुश लगा पाते है?




