तिलाइदादर से बरदुला तक सड़क मरम्मतीकरण स्तरहीन निर्माण,अधिकारी कर्मचारी चुनाव में व्यस्त आखिर कौंन लेगा संज्ञान?

सारंगढ़ – सारँगढ़ से महज 12 किलोमीटर दूर तिलाइदादर से बरदुला तक सड़क मरम्मतीकरण का कार्य चल रहा है जिसमे घोर लापरवाही देखा जा रहा है लापरवाही और भ्रष्टचार के लिए अधिकारी ठेकेदार को खुला छोड़ रखा है जिसके चलते ठेकेदार सड़क मरम्मत के नाम पर कालिख पोत रहा है सड़क बनाने में मानक नियम को दरकिनार कर ठेकेदार सिर्फ डामर की काली मोबिल के कलर चढ़ाकर रोड का डामरीकरण कर रहे है वैसे तो नियम कहता है कि जब भी ठेकेदार सड़क मरम्मत करे या बनाए तो उसकी गुणवत्ता और मापदंड को लेकर सरकार अपनी कर्मचारी और अधिकारी की देख रेख के साथ बनाया जाता है लेकिन यहां तो सरकारी अधिकारी की परछाई तक नजर नहीं आ रहा है चुनावी सरगर्मी में अधिकारी कर्मचारी व्यस्त हो पड़े है की बिना शासकीय अधिकारी कर्मचारी के सड़क का मरम्मतीकरण हो जा रहा है ठेकेदार लेबर के भरोसे सड़क निर्माण करवाया जा रहा है जिससे कि ठेकेदार रोड पर कालिख पोतकार जैसे तैसे कर काम पूरा करने मे लगे हुए है अब देखना लाजमी होगा कि लेबर के सहारे बन रहे सड़क की गुणवक्ता क्या होगी?
अधिकारी नहीं होने से बेस से लेकर डामरीकरण तक घटिया निर्माण
जिस तरह से लीपापोती को खेल चल रहा है उसे देखने से ऐसा लगता है कि सड़क 4 महीने भी टिक जाए तो बहुत होगा,लेकिन यहां तो अधिकारी ही नहीं है जरा सोचिए, बिना सरकारी इंजीनियर के सिर्फ ठेकेदार मानक नियम का अनुसरण कर रहा होगा डामर का तो नाम नहीं है लेकिन भारी भरकम रोडरोलर चलने से जमीन धस जाने वाला, तो जीरा की कालिख क्यों न चिपके, लेकिन देखना यह होगा कि कितना दिन तक काला जीरा चिपका रहता है, अधिकारी ना होने की वजह से नाबालिक तक को ठेकेदार खूब काम करा रहे है वहीं बाल श्रमीक नियम का भी घुल्ला उलघन करते दिखाई दे रहे है,ऐसे ठेकेदार पर कानूनी कार्यवाही भी होनी चाहिए और बिना अधिकारी के सड़क बनाने पर सड़क की गुणवत्ता की भी जांच होनी चाहिए।






