छत्तीसगढ़ वैष्णव महासभा द्वारा भव्य ‘विष्णु महायज्ञ’ एवं ‘बटुक संस्कार’ संपन्न…

राष्ट्रीय महासचिव के एक आह्वान पर छत्तीसगढ़ के कोने कोने से पधारे वैष्णव पदाधिकारी..
मुख्यमंत्री द्वारा समाज भवन के लिए 20 लाख की घोषणा..
5 डिसमिल जमीन का संकल्प..
रायगढ़: आस्था, परंपरा और सामाजिक एकजुटता का एक अभूतपूर्व संगम आज तमनार की पावन धरा पर देखने को मिला। छत्तीसगढ़ वैष्णव महासभा के तत्वाधान में आयोजित ‘विष्णु महायज्ञ एवं बटुक संस्कार’ कार्यक्रम सफलतापूर्वक संपन्न हुआ, जिसमें पूरे प्रदेश से हजारों की संख्या में वैष्णव धर्मावलंबियों ने शिरकत की।
समाज भवन के लिए 20 लाख की घोषणा –
इस कार्यक्रम की सबसे महत्वपूर्ण उपलब्धि मुख्यमंत्री विष्णु देव साय द्वारा की गई बड़ी घोषणा रही। सांसद राधेश्याम राठिया के विशेष निवेदन पर मुख्यमंत्री ने वैष्णव समाज के भवन निर्माण हेतु 20 लाख रुपये देने की घोषणा की। साथ ही स्थानीय जनप्रतिनिधि द्वारा भवन निर्माण के लिए 5 डिसमिल जमीन दान देने की घोषणा ने समाज के हर्ष को दोगुना कर दिया।
सांसद राधेश्याम राठिया का भावुक संबोधन-
कार्यक्रम में पहुंचे सांसद राधेश्याम राठिया ने समाज के साथ अपने गहराव जुड़ाव को साझा किया। उन्होंने कहा:
“वैष्णव समाज मेरे गुरु भाई के समान है। यह मेरे लिए सौभाग्य की बात है कि मुझे भी वैष्णव समाज के द्वारा ही तुलसी कंठी पहनाई गई है। समाज की सेवा के लिए मैं सदैव तत्पर हूँ।”
लखन दास वैष्णव का आह्वान
राष्ट्रीय महासचिव लखन दास वैष्णव के एक आह्वान पर छत्तीसगढ़ के कोने-कोने से समाजसेवी तमनार पहुंचे। समाज को संबोधित करते हुए उन्होंने एकता और शिक्षा पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि ऐसे आयोजनों का मुख्य उद्देश्य नई पीढ़ी को अपनी गौरवशाली संस्कृति और सनातन परंपराओं से जोड़ना है। उन्होंने समाज के सभी वर्गों से एकजुट होकर सामाजिक कुरीतियों को मिटाने और शिक्षा को प्राथमिकता देने की अपील की।
विशिष्ट अतिथियों की उपस्थिति
कार्यक्रम में मुख्य रूप से श्री लखन दास वैष्णव (राष्ट्रीय महासचिव), पूरन दास वैष्णव (प्रांतीय अध्यक्ष)
लता रानी वैष्णव, जानकी दास वैष्णव (उप महासचिव ),
विश्वनाथ बैरागी (प्रदेश युवा अध्यक्ष) जगन्नाथ बैरागी प्रदेश मीडिया प्रभारी,भूषण दास वैष्णव जशपुर जिला अध्यक्ष, हीरा दास वैष्णव शक्ति जिला, लखन दास वैष्णव सारंगढ़, मोहर दास वैष्णव,वासुदेव वैष्णव, ईश्वर दास सरिया, पुरुषोत्तम वैष्णव सरिया,इसके साथ ही अशोक दास वैष्णव (उप महासचिव), कामेश्वर वैष्णव (उप महासचिव), महा मंडलेश्वर मुरलीशरण वैष्णव, रेखा वैष्णव (रायगढ़ जिलाध्यक्ष), श्रीमती प्रभा दास वैष्णव, अमित वैष्णव (डोंगरगढ़), कमलेश वैष्णव दुर्ग,तरुण वैष्णव प्रांतीय युवा महासचिव श्री दिलीप कुमार वैष्णव दुर्ग
श्री राजेश्वर वैष्णव भिलाई, श्री सुरेन्द्र वैष्णव दुर्ग, श्री कमल दास वैष्णव कवर्धा अध्यक्ष, पण्डरिया पूर्व
श्री महेश वैष्णव राजनांदगांव मंडल अध्यक्ष, श्री प्रद्युम्न दास वैष्णव पूर्व महामंडलेश्वर राजनांदगांव, श्री गुलाब दास वैष्णव,
श्री भरत दास वैष्णव सचिव,
श्री कृष्ण कुमार दास वैष्णव उप सभापति
श्री दिव्य शंकर वैष्णव तमनार युवा मोर्चा अध्यक्ष,श्री ओमप्रकाश बैरागी संयोजक तमनार, श्री मनबोध दास वैष्णव वरिष्ठ सदस्य, श्री विनय कुमार वैष्णव संरक्षक
श्री ईरा वैष्णव रायगढ़,
श्री राजेन्द्र वैष्णव लैलूंगा, श्री अविनाश वैष्णव लैलूंगा,
श्री तुलसी दास वैष्णव लैलूंगा, श्री जयप्रकाश वैष्णव, सुश्री तिलोत्तमा वैष्णव, श्री खीरोद्रो दास वैष्णव, श्री रामेश्वर बैरागी श्री पुरुषोत्तम वैष्णव सहित सैकड़ों पदाधिकारी कार्यक्रम के दूसरे दिन शिरकत कर समाज की एकता का परिचय दिया।
कार्यक्रम के दौरान वक्ताओं ने समाज को संगठित होने और शिक्षा के साथ-साथ संस्कारों को प्राथमिकता देने पर जोर दिया। प्रदेश मीडिया प्रभारी जगन्नाथ बैरागी ने बताया कि इस तरह के आयोजनों से समाज की नई पीढ़ी को अपनी संस्कृति और गौरवशाली इतिहास को समझने का अवसर मिलता है।
तमनार में सम्पन्न यह भव्य आयोजन न केवल आध्यात्मिक दृष्टि से सफल रहा, बल्कि इसने छत्तीसगढ़ में वैष्णव समाज की शक्ति और संगठन का लोहा भी मनवाया है। इस सफल आयोजन के लिए पूरे प्रदेश के वैष्णव बंधुओं में हर्ष की लहर है।
संस्कारों का संगम
महायज्ञ की वेदियों से उठती आहुतियों और वेद मंत्रों की गूंज के बीच बटुक संस्कार का आयोजन किया गया। यह आयोजन सनातन परंपरा के संरक्षण का प्रतीक बना। वक्ताओं ने इस बात पर बल दिया कि समाज को संगठित रखने के लिए संस्कारों का बीजारोपण बचपन से ही आवश्यक है।
